We read your photo as:
यदि उद्देश्य फलन का मान असीमित है, तो इसकी कैसी समस्या रखती है
ScanSolve AI Answer
Answer
प्रश्न 123:
यह प्रश्न रैखिक प्रोग्रामिंग (Linear Programming) में द्वैतता सिद्धांत (Duality Theorem) से संबंधित है। द्वैतता सिद्धांत के अनुसार, यदि मूल समस्या (primal problem) का उद्देश्य फलन अपरिबद्ध (unbounded) है, तो उसकी द्वैती समस्या (dual problem) का कोई सुसंगत हल (feasible solution) नहीं होता है, यानी वह असुसंगत (infeasible) होती है।
- यदि मूल समस्या का उद्देश्य फलन अपरिबद्ध है, तो द्वैती समस्या का कोई सुसंगत हल नहीं होता है।
- यदि मूल समस्या का एक इष्टतम हल है, तो द्वैती समस्या का भी एक इष्टतम हल होता है, और उनके उद्देश्य फलनों के इष्टतम मान बराबर होते हैं।
- यदि मूल समस्या का कोई सुसंगत हल नहीं है, तो द्वैती समस्या या तो अपरिबद्ध होती है या उसका भी कोई सुसंगत हल नहीं होता है।
दिए गए प्रश्न में कहा गया है कि उद्देश्य फलन का मान आदि समस्या में अपरिबद्ध है। इस स्थिति में, द्वैती समस्या का कोई सुसंगत हल नहीं होगा।
इसलिए, सही विकल्प है:
(2) असुसंगत हल
The final answer is
Try one yourself
A new problem that tests the same skill.
Still stuck on this one?
Ask a follow-up, and the answer starts from this question.
More Mathematics Questions

Handwritten Step-by-Step Solution
Get this as a handwritten image on WhatsApp — like a tutor wrote it for you.
Try on WhatsApp